भोपाल। मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने जनजातीय समुदाय के गौंड राजाओं के बने स्मारकों व किलों के विकास कार्य कराने की घोषणा की है। उन्होंने कहा कि रामनगर और मंडला में राजा शंकरशाह, कुंवर रघुनाथ शाह, रानी दुर्गावती, मोतीमहल, रानी महल को भी विकास कार्यों में शामिल किया जाएगा। उन्होंने मंच से कलेक्टर सोमेश मिश्रा को रामनगर स्थित मढ़िया के विकास के लिए प्रस्ताव तैयार करने के निर्देश दिए हैं। इसमें करीब 5 हजार नागरिकों की बैठक व्यवस्था के लिए सभागार, पेयजल और ठहरने की व्यवस्था आदि के प्रस्ताव शामिल होंगे।
डॉ. यादव ने कहा कि आजादी के लिए आन, बान और शान से लड़ने वाले राजा हृदय शाह, राजा शंकर शाह, कुंवर रघुनाथ शाह, रानी दुर्गावती, बिरसा मुंडा और टंट्या मामा ने महान कार्य किया है। वे जल जमीन, जंगल और जमीर की रक्षा के लिए आगे आए हैं। उन्होंने कहा, हमारे प्रदेश और देश के जनजातीय महापुरुषों ने हमें गौरवान्वित किया है। हमें गर्व है जनजातीय महापुरुषों के उल्लेखनीय योगदान के सम्मान में खरगोन में क्रांति सूर्य टंट्या मामा विश्वविद्यालय स्थापित किया गया है।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव सोमवार को मंडला के रामनगर में दो दिवसीय आदि उत्सव को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने हृदय शाह द्वारा बनाए गए मोती महल का अवलोकन करते हुए लोक कला प्रदर्शनी का भी शुभारंभ किया। साथ ही उन्होंने 61 करोड़ के विकास कार्यों का लोकार्पण और भूमि-पूजन भी किया।
गोंड राजाओं के स्मारकों व किलों का विकास होगा











Leave a Reply